चेन्नई/नई दिल्ली। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 (Tamil Nadu Assembly Election 2026) के लिए द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) और कांग्रेस पार्टी में सीटों के बंटवारे पर अंतिम फैसला ले लिया गया है। खबरीलाल की मानें तो DMK ने कांग्रेस को 28 सीट दी हैं। इसके अलावा पार्टी को एक राज्यसभा सीट भी दी गई है।
पार्टी नेताओं की मानें तो यह फैसला डीएमके अध्यक्ष और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन और तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के. सेल्वपेरुंथगई के बीच हुई बैठक में लिया गया।
सीटें शेयरिंग पर प्रसन्नता जाहिर करेत हुए तमिलनाडु कांग्रेस अध्यक्ष के. सेल्वपेरुंथगई ने कहा- हमें 28 सीटें मिलीं हैं। 40 साल बाद हमें तीन अतिरिक्त सीटें और राज्यसभा में एक सीट मिली है। पार्टी इसका स्वागत करती है। तमिलनाडु की जनता को इस गठबंधन की जरूरत है। इस फैसले से आलाकमान और कांग्रेस के कार्यकर्ता बेहद खुश हैं। चुनावों में हम 210 से ज्यादा सीटें जीतने जा रहे हैं।
मालूम हो कि कांग्रेस और डीएमके के बीच 2004 से चला आ रहा गठबंधन इस चुनाव में टूटने की कगार पर पहुंच गया था, लेकिन कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम ने स्टालिन से मुलाकात की और बात बन गई। कांग्रेस हाईकमान ने सीटों की संख्या बढ़ाने पर जोर दिया था। जब बात नहीं बनी तो चिदंबरम को बातचीत के लिए भेजा गया। स्टालिन कांग्रेस को 25 सीटें ही देना चाहते थे, लेकिन चिदंबरम की स्टालिन से मुलाकात के बाद 28 सीटों पर सहमति बन गई है।
राज्य में विधानसभा की 234 सीटें हैं। 2021 के चुनाव में DMK ने 133 सीटें जीती थीं, जबकि कांग्रेस को 18 सीटें मिली थीं। डीएमके के नेतृत्व वाले सेक्युलर प्रोग्रेसिव अलायंस ने कुल 159 सीटों पर जीत हासिल की थी। दूसरी ओर NDA को 75 सीटें मिली थीं, जिसमें AIADMK 66 सीटों के साथ गठबंधन की सबसे बड़ी पार्टी रही थी।




